सखी रे चल ने यमुना तीर (मैथिली गीत)

सखी रे चल ने जमुना तीर
           ( गीत)

सखी  रे   चल  ने  जमुना  तीर
जमुना  तीरे   गाछ   कदम   छै
पाते   पाते   फुल   लटकल  छै
भंवरा गावै गीत
          सखी रे चल ने जमुना तीर !

लहरि लहरि क’ डारि कदम्ब  के
चहुं    दिशा   में   सुरभि   पसारै
लिहुरि लिहुरि जमुना जल उड़वै
पागल करै समीर
       सखी रे चल ने जमुना तीर !

मंद   मधुर   मुरली   धुन   बाजै
हृदयक तार रहि रहि क' कांपय
चरण नहिं  मानै  बात  सखीं  रे
उठि उठि भागै तीर
            सखी रे चल ने जमुना तीर !

तरुक कुंज मे मदन बैसल छथि
राग   रागीनी   घेरने  चहुं दिश
रहि  रहि  मयुरा  नाच  देखाबय
मन भेल बहुत अधीर
            सखी री चल ने जमुना तीर !

डॉ प्रमोद कुमार
पांडिचेरी, 15-04-2020

Comments