बाल गीत (मैथिली लोरी)
लोरी
हे यौ बौवा सुइत रहू
औंठा सं अहां अमिय चुसू
चानों आव डुबल गगन मे
तारो सभ भेल उड़न- छू
हे यौ बौवा.........!
लक्ष्मी माता कोरा लेती
सरसत्ती मां गीत सुनौती
गौड़ी मां के झूला पर जा'
झुलैत रहूं अहां नहूं- नहूं
हे यौ बौवा...........!
देखियौ कत्ते राइत भेलै
जड़- चेतन सभ सूइत गेलै
अहां जं बाबू सूइत रहब त'
हमहूं कनिकाल आंईंख मुनु
हे यौ बौवा............!
काल्हि अहां के पप्पा औता
टोपी, सूइटर, जुत्ता लौता
माय छथि एसगरुवा अहां के
हे! बाबू आव दया करू।
हे यौ बौवा.............!
प्रमोद कुमार "नेहरू"
पांडिचेरी
दि. 10-12-2018
सायं-08-50
pramod_drpk@yahoo.co.in
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